स्वास्थ्य स्वर : किडनी से संबंधित समस्या का घरेलू उपचार-
जिला-टीकमगढ़ (मध्यप्रदेश) से वैद्य राघवेंद्र सिंह राय किडनी से संबंधित बीमारी का घरेलू उपचार बता रहे हैं | नीम पर लगी हुई गिलोय का 10 इंच का टुकड़ा लें| उसको चटनी जैसा बना लें| उसके बाद एक गिलास पानी में उबालें| जब पानी उबलकर आधा गिलास रह जाये| तब उसे रोगी को सेवन करना है| दवा का सेवन भोजन के बाद करना है| दवा का उपयोग करने से पूर्व दिये गये नंबर पर संपर्क कर पूरी जानकारी लें| उसके बाद ही प्रयोग करें : राघवेंद्र सिंह राय@6306748178.
Posted on: Apr 12, 2019. Tags: HEALTH MP RAGHVENDRA SINGH RAI SONG TIKAMGARH VICTIMS REGISTER
पढ़े लिखे गवांर होये गांव में रह के...कविता-
ग्राम-देवरी, तहसील, ब्लाक-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलाश सिंह पोया एक कविता सुना रहे हैं :
पढ़े लिखे गवांर होये गांव में रह के-
दारू नशा कर पीछे पड़े बात नहीं सहके-
न एमन काम सीखिन, न पूरा पढाई कर सकिन-
पिये-पिये पढ़ के प्लेट कप धोवाथिन-
आज खेती किसानी करे बार कोई नहीं होवाथें...
Posted on: Apr 11, 2019. Tags: CG KAILASH SINGH POYA SONG SURAJPUR VICTIMS REGISTER
कोन बने दाई मोरे, गईया चरावे माता...देवी भजन-
ग्राम-देवरी, तहसील, ब्लाक-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलाश सिंह पोया एक देवी भजन सुना रहे हैं :
कोन बने दाई मोरे, गईया चरावे माता-
गईया ला चरावे गे-
कोन गये हे पानी ला पियावे रे माई-
सेवा ला ले ले महतारी मोर-
कोन गये हे पानी ला पियावे रे माई...
Posted on: Apr 11, 2019. Tags: CG KAILASH SINGH POYA SONG SURAJPUR VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : अनार के औषधीय गुण और लाभ-
जिला-टीकमगढ़ (मध्यप्रदेश) से वैद्य राघवेंद्र सिंह राय अनार के औषधीय गुणों के बारे में बता रहे हैं| जब शरीर में खून की कमी आती है| तो अनार का उपयोग करते हैं| पके अनार के दानो का रस के सेवन करते हैं| दूसरा जब भूख कम लगती हो, खाने का मन नहीं करता हो| एसी स्थिती में अधपका अनार के दानो का जूस पिलाने से भूख लगने लगेगी| तीसरा खासी आने अपर अनार के फल का छिलका मुह में राकहने से लाभ मिल सकता है| अधिक जानकारी के लिये संपर्क कर सकते हैं : राघवेंद्र सिंह राय@942475994.
Posted on: Apr 11, 2019. Tags: HEALTH MP RAGHVENDRA SINGH RAI SONG TIKAMGARH VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : पलास के पौधे के औषधीय गुड़ और उपयोग-
जिला-टीकमगढ़ (मध्यप्रदेश) से वैद्य राघवेंद्र सिंह राय पलास के औषधीय गुणों के बारे में बता रहे हैं| पलास के पौधे में गोंद लगी होती है| जिसे कमरकस कहते हैं| उसका प्रयोग उन माताओं के लिये किया जाता है| जिनके हाल ही में बच्चे हुये होते हैं| उनको खिलाने के लिये जो लड्डू बनाये जाते हैं| उसमे प्रयोग किया जाता है| पलास के फल का उपयोग पेट में होने वाले कृमि को ख़त्म करने के लिये किया जाता है| उसके फल के तीसरे हिस्से को पीसकर पाउडर बना लें, और गुड़ में मिलाकर रोगी को खिलाये और पानी पिला दें| इससे लाभ हो सकता है| अधिक जानकारी के लिये इस नंबर पर संपर्क कर सकते हैं : राघवेंद्र सिंह राय@9424759941.
