सरी चों नासी चो होड़ दु को मे ना...संथाली गीत
मधुपुर, देवगढ़ (झारखण्ड) से पुष्पा टूडू, सीमा, किरन कनकलता मुर्मू, आशा मरंदे सामोहिक रूप से एक सांथाली गीत गा रही रहे हैं पता नहीं यह सही है या गलत, लेकिन स्वर्ग के बारे में कहा जाता है कि वह सोने का देश है. वहां कोई दुःख-तकलीफ नहीं है. वहां केवल शान्ति ही शान्ति है :
सरी चों नासी चो होड़ दु को मे ना
सिरमा दिसम कथाय सोना दिसम
देसे चला मे पिया रे, देसे चियय मे पिया रे
सिरमा दिसम कथाय सोना दिसम
सरी चों नासी चो...
सिरमा दिसम कथाय सुलुक दिसम
बागी तहेना भावना, सरी सुलुक रिबुन तहेना
सिरमा दिसम कथाय सुलुक दिसम
सरी चों नासी चो होड़ दु को में ना
सिरमा दिसम कथाय सोना दिसम
