बारदोली का वो सरदार, जिसे झोपड़ी से था प्यार...सरदार पटेल पर कविता
कानपुर, उत्तरप्रदेश से के.एम. भाई सरदार बल्लभ भाई पटेल के 139 वीं जयंती के अवसर पर उन्हीं को समर्पित एक कविता प्रस्तुत कर रहे हैं :
बारदोली का वो सरदार, जिसे झोपड़ी से था प्यार-
मिट्टी में जन्मा, मिट्टी के खातिर जिसने सत्याग्रह छेड़ा था-
खूब लड़ा वो जिसने गोरों को खदेड़ा था-
एकता का वो दूत जिसने रजवाड़ों को जोड़ा था-
वीर-बलिदानी जिसने देश की खातिर वजीर-ए-आलम का पद छोड़ा था-
ज्वालामुखी सा तेज अखंडता की चट्टान था वो-
जिसने गांधी के संग राष्ट्र निर्माण का सपना देखा था-
लड़ा भी वो, मिटा भी वो, जन-जन की पहचान था वो...
