सीजीनेट स्वर हमारा, सफल रही रे, गोंडी धर्म और भाषा चलत रही रे...
मंडला, मध्यप्रदेश से अमर मरावी द्वारा गोंडी भाषा और सीजीनेट स्वर से सम्बंधित एक गीत-
सीजीनेट स्वर हमारा, सफल रही रे
गोंडी धर्म और भाषा चलत रही रे !!...2
गांव गांव में, दीप जली है
जय बड़ादेव की, ज्योति जली है
गोंडवाना इरादा, अटल रही रे
गोंडी धर्म और भाषा...
हक़ है हमारा, एक रहेंगे
सीजी नेटसे, जुड़ते रहेंगे
गोंडी भाषा हमारी, अचल रही रे
गोंडी धर्म और भाषा...
गोंडी स्वर में और भाषा चलत रही रे
सीजी नेट स्वर हमारा सफल रही रे
गोंडी धर्म और भाषा चलत रही रे !!...2
