जैसे करोगे वैसे भरोगे...कहानी-
जिला-राजनांदगांव (छत्तीसगढ़) से बिरेन्द्र गंधर्व एक कहानी सुना रहे हैं:
हंस और कौए में गहरी दोस्ती थी एक दिन कौए ने हंस को भोजन पर आमंत्रित किया अपने घर में और कहा की भाभी को भी लेते आना हंस हंसनी कौए के घर पहुंचे भोजन के लिये बहोत आनंद आया बहोत देर तक गप शप भी होती रही इसके बाद हंस ने कहा अब हम चलते हैं आप भी आना हमारे घर भाभी को भी लेके आना| (AR)
