पीड़ितों का रजिस्टर: नक्सलियों ने पिता और भाई को जान से मार दिए, अब मजदूरी करके अपना घर चला रहे हैं...
जेलवाडा शिविर, जिला-बीजापुर, (छत्तीसगढ़) से एलम इमला बता रही है कि उनके पिता श्री एलम असरैया, भाई श्री एलम बसंत को 2008 में नक्सलियों ने रात में घर आकर जंगल में ले गये और जान से मार दिए| सुबह गाँव वालों ने खबर दिए फिर उनके परिवार लाश को लेके आये| सरकार के तरफ से एक लाख रूपये मिले हैं| नौकरी दिया गया था लेकिन नकसल हिंसा से डरे थे इसलिए नौकरी नही किये| ये साथी संकंनपल्ली के स्थाई निवासी हैं, अभी शांति नगर बीजापुर में मजदूरी करके अपना जीवन चला रहे हैं|
