एक पुड़िया जहर दे दो खाके हम सूती...गीत-
ग्राम-केरकेटा, जिला-पलामू (झारखण्ड) से अंजनी कुमारी दहेज़ प्रथा पर एक गीत सुना रही हैं:
एक पुड़िया जहर दे दो खाके हम सूती-
कहंवा से लईहा पापा दहेज़ में मारुती-
बेटी हो पराया तब तक राखब दहेज़ रे-
खेत घर बेचीं बेटी दीहब दहेज़ रे-
शादी बियाह खातिर खेत घर बेचाता-
काहे बेटी जनम दिहले विधाता... (AR)
