जितना हमारे पास धन-संपति है उतने में ही खुश रहे...कहनी-

जिला-राजनंदगांव राज्य-छत्तीसगढ़ से विरेन्द्र गंधर्व जी कहनी सुना रहे है, कि एक गाँव में शेर रहता था| जिसका नाम आसा राम था आसाराम के संपति होने के बावजूद भी लागता है कि मेरे यंहा कुछ भी नही मै इतना कमाऊ कि मेरे नाती-पोती के लिए काम आये| इसलिए दुखी रहता था फिर एक मंदिर में संत आये है| इस संत के पास जाकर पूछा कि तो संत ने बोला कि वह झोपड़ी में रहने वाले को आप भोजन खिला दो आपका संपति बड़ जाएगा| फिर वो एक दिन झोपड़ी के पास भोजन लेकर गया और बोला माँ आपके लिए मै खाना लेके आया हूँ माँ ने कहा-हमारे पास बहुत सारा भोजन है तो इसे रख कर हम क्या करेंगे| इसके बाद आसा राम को पता चला कि मेरे पास धन संपति है| मैं नाती-पोती कि चिंता कर रहा हूँ जिनके पास धन नही है वो आज भी खुश है|ID(182749)MP.

Posted on: Dec 14, 2020. Tags: SONG STORY VICTIMS REGISTER