सुनो साजन हुई लालन घडी सोने की आई है...गीत-
ग्राम-छिपिया, जिला-रीवा (मध्यप्रदेश) से सुकन्या एक सोहर गीत सुना रही हैं:
सुनो साजन हुई लालन घडी सोने की आई है-
यंहा बिलुई की बेरी है वंहा सासू मचलती है-
मचलती है मचलने दो यंहा की रीत ऐसी है-
सुनो साजन हुई लालन घडी सोने की आई है-
यंहा लड्डू की बेरी है वहां जेठी मचलती है-
मचलती है मचलने दो यंहा की रीत ऐसी है-
सुनो साजन हुई लालन घडी सोने की आई है...
