नटखट पंछी पिंजरे में है बंद, नहीं उड़ सकता स्वछंद...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं :
नटखट पंछी पिंजरे में है बंद-
नहीं उड़ सकता स्वछंद फिर भी-
करवा डालता लंथन-
जिसका पता है वह धंन-
एक दिन पिंजड़ा से उड़ जाता है-
स्वछंद उडाता रहता है...
