हे मनुष्य के कमाई में है मूस्टा मन मोटाई ये समुझी लेहियाँ भाई...कर्मा गीत-
ग्राम-देवरी, ब्लाक-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलाश पोया एक किसुन खेल कर्मा गीत सुना रहें हैं:
हे मनुष्य के कमाई में है मूस्टा मन मोटाई ये समुझी लेहियाँ भाई-
छोड्तहा पानी बरखा अउ छोड्तहा अस तस के कमाई समुझी लेहियाँ भाई-
छोड्तहा पानी बरखा अउ नहीं आई कइसे कइसे लईका ला जियाई-
धुमा-धुमा घाम करें बीमारी आई नहीं मिले पैसा रूपया कैसे ईलाज कराइ-
बोतल-बोतल दारू पिए दिन ला गवाई लईका बच्चा भूखे मरी जाई-
हे मनुष्य के कमाई मेहे मूस्टा मन मोटाई ये समुझी लेहियाँ भाई...
