बेटी आंखी के आगु मा, आंखी के आगे आगे तेरा चेहरा झुलस हवे वो...छत्तीसगढ़ी गीत
तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ीयारी एक गीत सुना रहे है:
जुरथ रयथो जुरथ रयथो, आंखी के आगे आगे तेरा चेहरा झुलस हवे वो-
बेटी आंखी के आगु मा, तेरा चेहरा झुलस हवे वो-
बाढ़े रहे बेटी पठाई पार हो, बुनथ रयथो बुनथ रयथो वो-
तोर लईका बनके होंठ ला, मने मन में गुनथ रयथो वो-
देखत रयथो देखत रयथो, देखत रयथो वो-
तोर आनी बानी के खेलत रहे पेला, ओला में देखत रयथो वो-
तोर चोन्हा ला अब कहा ले, देख पाहु हो...
