बस्तर भूमतोड़ लयोड़ वातोड़...गोंडी कविता -
जिला-उत्तर बस्तर कांकेर (छत्तीसगढ़) से रमेश दुग्गा एक गोंडी कविता सुना रहे है:
बस्तर भूमतोड़ लयोड़ वातोड़-
भारी समरे मातोंड-
नन्ते जिलांग तल्लादे जलिंग-
एलोड़ लगा कितोड़-
तलादा पागा नन्ता पोग-
भारी शोभे माता-
ताने उडसी मंजर लया-
पेरके-पेरके वाता...

