किसान स्वर : हमारे गांव में 600 में से 50 लोग आज भी जैविक खाद का उपयोग कर खेती करते हैं-

ग्राम पंचायत-बेंदोरा, प्रखण्ड-चैनपुर, जिला-गुमला (झारखण्ड) से आदिवासी किसान विष्णु खैरवार, सहदेव नायक, अंसोलेम बाड़ा और देवलाल कुजूर मोहन यादव से बात कर रहे हैं, वे बता रहे हैं कि वे अपने वहां खेती में आषाढ़ के महीने में में फसलो की कई देसी किस्मो की बुआई करते हैं जिसमे ललाट धान, हीराफूल, जीराफूल, गोड़ा, मडुवा, मक्का, गेहूल, गोपालभोग, दहिया, छोटा दहिया, अरहर, बोका धान, कला मदानी, छोटा कला मदानी, बच्चा कला मदानी, जीली, करनी, डाँड़ जीनी, गेंदाबूल, गाड़िया धान, पुलकोभी, जबाफूल आदि शामिल हैं, उनके गांव में करीब 600 किसान हैं, जिसमे लगभग 50 किसान आज भी गोबर खाद का उपयोग खेती में करते हैं

Posted on: Jul 26, 2018. Tags: AGRICULTURE MOHAN YADAV VISHNU KHAIRWAR