कतेक दिन तक सुता जाग आदिवासी रात तोर डूबी जाथे...गीत

लता मिंज जो ग्राम-कातिंग, पोस्ट-डोंगो, तहसील-चैनपुर, जिला-गुमला (झारखण्ड) से हैं वे एक गीत सुना रही है:
कतेक दिनकर सुता जाग आदिवासी राज तोर डूबी जाथे-
एके बिता लगिल जमीन लगीन रे-
जमीन जायजाय गेजा के जात बड़ा अफ़सोस-
एके बिता लगिल जमीन लगीन रे, बेटयो जात बड़ा अफ़सोस-
लड़ाई झगड़ा कर जाग आदिवासी रात तोरो डूबी जाथे...

Posted on: Jul 04, 2018. Tags: LATA MINJ SONG