एसन जमाना देखो आहिल हो, लोगवा में पाप वा समाहिल हो... बिहारी लोकगीत

जिला-पूर्वी चम्पारण (बिहार) से राजीव कुमार राय एक लोकगीत सुना रहे हैं:-
एसन जमाना देखो आहिल हो-
लोगवा में पाप वा समाहिल हो-
अनमोल जिन्दगी बन गहिल खेल हो-
आदमी के आदमी से रहत नहीं मेल हो-
अनमोल जिन्दगी बन गहिल खेल हो-
एसन जमाना देखो आहिल हो-
आप सारा मंत्री लोग करेले घोटाला-
भइये के भैया आज ताता कर डाला-
लुटाईन हो सबे होजुराइल हो
एसन जमाना देखो आहिल हो...

Posted on: May 07, 2016. Tags: KUNDAN KRISHNMURTI