माटी तिहार और अन्य त्यौहार के बारे में बता रहे है...

ग्राम-बड़े किलेपाल (पुजारी पारा), तहसील-बास्तानार,जिला-बस्तर,राज्य-छत्तीसगढ़ से बुधराम ताती के साथ पायको जी माटी त्यौहार(विज्जा-पंडूम) बारे में बता रहे है कि हमारे पूर्व से चलते आ रहे रीती-रिवाज के अनुसार मनाते है और इसमें आम,चार,धान, खुट्की, महुआ तथा सूअर,मुर्गा को बली के रूप में देते है इसके बाद अपने घर कि पूजा किया जाता है और अपने-अपने देवी देवता को पूजा करते है इसके बाद हरियाली,नया खाई,दिवाली,दशहरा,चाहुर-धोनी आदि हमारे आदिवासी लोग मनाते है,सम्पर्क नम्बर 7587335975, (182718)

Posted on: Apr 19, 2021. Tags: BASTANAR BASTAR BUDHRAM TATI CG CULTURAL STORY

अपने गाँव के संस्कृति की कहानी...

ग्राम-गोरियापाल, ब्लाक-बास्तानार, जिला-बस्तर (छत्तीसगढ़) से विकाश पोड़ियामी अपनी गाँव की देवी देवता और संस्कृति के बारे बता रहे है कि गोरियापाल के लोग अलग-अलग दर्जे के देवी देवता को मानते है और भिन-भिन वंश परम्परा से व काल खंड अनुसार प्राकृतिक परिवेशीय से घटित घटना से देवी देवता का नामकरण भी अलग-अलग हुआ,देवी- देवताओं को खुश करने के लिए जानवरों की बलि देते हैं ताकि वे प्राकृतिक व देवीय आपदा से सुरक्षित रहे,और गाँव में ऋतु के अनुसार त्यौहार मनाये जाते हैं| सम्पर्क नम्बर 8103481510, ID(182842) DW

Posted on: Apr 19, 2021. Tags: BASTANAR BASTAR CG CULTURAL STORY VIKASH PODIYAMI

आमाझरन झरना की कहानी...

ग्राम-मुदे, थाना-कोरर, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से प्रेमलाल करतबिया अपने गांव कि पहाड़ी के बारे में बता रहे हैं, आमाझरन एक जगह है, यहां प्रकृतिक रूप से पानी बहता है और बड़े-बड़े आम फलते हैं| यहाँ बारह महीना पानी बहता रहता है| पहाड़ के निचे छुही का खदान है, जिससे घरों में पुताई होती है| इस मिट्टी को लेने दूर-दूर से लोग आतें हैं| पीले रंग की मिट्टी निकलती है| पहाड़ के ऊपर एक बहुत बड़ा मैदान है, गांव भी छोटा पड़ेगा इतना बड़ा मैदान है| इस मैदान में मनिहारी का पेड़ है जिससे फल और शुद्ध हवा मिलती है| आने जाने का रास्ता भी नहीं है, बहुत दिक्कत होती है| हरियाली और पोला के त्यौहार में गाँव के लोग वहाँ घुमने जाते हैं| सम्पर्क:- 6264476828(RM)

Posted on: Feb 28, 2021. Tags: CULTURAL STORY KANKER CG PREMLAL KRATBIYA