पास ही में गाँव है जाकर तो देखिये, कितना वहां तनाव है जाकर तो देखिये...

पास ही में गाँव है जाकर तो देखिये
कितना वहां तनाव है जाकर तो देखिये
केला गुलाब मोंगरा सरसों के शहर में
काँटों के विषजाल हैं जाकर तो देखिये
पगडंडियाँ सिकुड़ गईं अपने में खो गईं
पहुंचे शहर के पाँव हैं जाकर तो देखिये
आभूषणों की बात करते हो गाँव में
सोने वधु के पाँव हैं जाकर तो देखिये
पथरियां सारी बिक गयी कचहरी की फीस में
बच्चों के तन पर चीथड़े जाकर तो देखिये
खेत गिरवी हो गयी बिटिया के ब्याह में
जंगल के बीच में बसा लकड़ी की समस्या
भूखों पेट अभाव है जाकर तो देखिये

Posted on: Oct 22, 2013. Tags: Anusuya Balaghat