5.6.31 Welcome to CGNet Swara

नाना सुडुना,नाना सुडुना खुल रहिना नाना ढगुराना...गोंडी में वर्षा पर कविता

कुमरम मोहन और आतरम विटल ग्राम-गुंजाला, जिला-आदिलाबाद (तेलंगाना) से गोंडी भाषा में बरसात के सम्बन्ध में एक कविता सुना रहे है:
नाना सुडुना,नाना सुडुना खुल रहिना नाना ढगुराना-
गुसुर से गुसुर से ढगुर आतोन आनी नावा तक्वाल-
नावा तक्वाल नावा तक्वाल ताड्स ना मोडियता नाना-
वितवाके रेल दून मोडिई वितोना...

Posted on: Aug 07, 2018. Tags: ADILABAD TELANGANA ATRAM VITHAL GONDI POEM KUMRAM MOHAN

Recording a report on CGNet Swara

Search Reports »


Supported By »


Environics Trust
Gates Foundation
Hivos
International Center for Journalists
IPS Media Foundation
MacArthur Foundation
Sitara
UN Democracy Fund


Android App »


Click to Download


From our supporters »