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बोल बम-बम, बोल बम-बम, ए गा भोले बाबा-बाबा-बाबा गा... छत्तीसगढ़ी भक्ति गीत

ग्राम-अड़सिया, जिला-जांजगीर चांपा (छत्तीसगढ़) से सोमनाथ चंद्रा एक छत्तीसगढ़ी भक्ति गीत सुना रहे है:
बोल बम-बम, बोल बम-बम-
ए गा भोले बाबा-बाबा-बाबा गा-
कृपा कर देबे तय श्रद्धा रखैया बा-
सावन तोरे पुजारी बोले भंडारी कनकेश्वर बाबा गा-
हमन तोरे पुजारी बोले भंडारी लिंगेश्वर बाबा गा...

Posted on: Oct 10, 2018. Tags: BHAKTI CG CHHATTISGARHI JANJGIR-CHAMPA SOMNATH CHANDRA SONG

वर्षा आती पानी लाती, धरती हरी भरी हो जाती, ख़ुश हो जाते सभी किसान...बाल कविता

ग्राम-अमनदोन, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से अंजू कुमारी एक बाल कविता सुना रही है:
वर्षा आती पानी लाती, धरती हरी भरी हो जाती-
ख़ुश हो जाते सभी किसान, खेतों में लहलहाती धान-
पत्ता धान दीवाली आती, ख़ूब सर्दिया ठण्ड फुलाती-
स्वेटर पहने तापे आग़, गाँव-गाँव में होती धान-
फिर आते गर्मी के दिन, मिले उसे ना पानी देना-
वर्षा आती पानी लाती, धरती हरी भरी हो जाती...

Posted on: Apr 21, 2018. Tags: KUMARI-ANJU

कर लो कोया किसानी बड़े सुहे पानी...किसानी गीत

तहसील-नैनपुर, जिला-मंडला (मध्यप्रदेश) से कलीराम धुर्वे एक किसानी गीत सुना रहें है:
कर लो कोया किसानी बड़े सुहे पानी-
कोदों कुटकी सबे बोहादों-
भुट्टा ककड़ी बाड़ी लगा दो-
करियो नयना दानी बड़े सुहे पानी-
दाने बोआ दो रोपा लगा दो-
नादिर है पानी सेला गवादों – लिंगो दाई रिसानी बड़े सुहे पानी-
रहर तिल्ली की बातों निराली-
बाकि फसल तो सैयानी-सैयानी-
ले लयो छल्ला निशानी बड़े सुहे पानी-
कर लो कोया किसानी बड़े सुहे पानी...

Posted on: Feb 14, 2018. Tags: KALIRAM-DHURWE

चउ मास के पानी परागे जाना माना...छत्तीसगढ़ी कविता-

ग्राम-मेढारी, पोस्ट-करमडीहा, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से अंजली नेटी एक छत्तीसगढ़ी कविता सुना रहें हैं :
चऊ माँ के पानी परागे जाना माना-
अब आकाश हर चाउर सहित छारगे-
जग-जग ले अब चंदा उगथे बदल भईगे भरीहर-
पृथ्वी माता चारों खुट ले दिखथे हरियर-हरियर-
रीग बिग ले अब अन्पुन नाहर खेतन खेत माँ छागे – नदिया अऊ तरिया के पानी कमती होये लगिश...

Posted on: Feb 03, 2018. Tags: ANJLI-NETI

वन्दे बिहार वन्दे वन्दे बिहार वन्दे...बिहार गीत

मालीघाट, जिला-मुजफ्फरपुर (बिहार) से सुनील कुमार निरंजन द्वारा लिखा बिहार राष्ट्रगान सुना रहें हैं:
वन्दे बिहार वन्दे वन्दे बिहार वन्दे-
वैभवशाली ओ-ओ वैभवशाली वसुधा बिहार-
हैं तपो भूमि हैं मोच भूमि ज्ञान भूमि अभियान भूमि-
अंग मंगद अजीब देखा हैं संगम अपना बिहार-
नालंदा राजगीर वैशाली का है उद्गम अपना बिहार-
वन्दे बिहार वन्दे वन्दे बिहार वन्दे...

Posted on: Jan 28, 2018. Tags: SUNIL-KUMAR

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